नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आज हुई कैबिनेट बैठक हुई। आज की बैठक में कई अहम और ऐतिहासिक फैसले लिए गए हैं। आज ही से कंटेनमेंट जोन में पांचवें चरण का लॉकडाउन के साथ अनलॉक 1.0 भी शुरू हुआ है। मोदी कैबिनेट की यह बैठक इसलिये भी खास मानी जा रही थी कि हाल ही में मोदी सरकार 2.0 का पहला साल पूरा हो चुका है। कैबिनेट बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर, नितिन गडकरी और नरेंद्र सिंह तोमर ने कैबिनेट में लिए गए फैसलों के बारे में जानकारी दी। कैबिनेट में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग की परिभाषा बदलने पर मुहर, साथ, एमएसमएई के लिए इक्विटी स्कीम को भी कैबिनेट की मंजूरी मिल गई है। आत्मनिर्भर भारत के तहत आर्थिक पैकेज में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इसका ऐलान किया था। रेहड़ी लगाने वालों के लिए भी क्रेडिट स्कीम को मंजूरी दी गई है।
कैबिनेट में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग की परिभाषा बदलने पर मुहर। साथ, एमएसमएई के लिए इक्विटी स्कीम को भी कैबिनेट की मंजूरी मिल गई है। आत्मनिर्भर भारत के तहत आर्थिक पैकेज में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने इसका ऐलान किया था। मुश्किल में फंसी एमएसएमईएस को 20,000 करोड़ रुपए के पैकेज को मंजूर किया गया है। इस एमएसएमईएस कंपनियां लिस्ट हो सकती है। प्रकाश जावड़ेकर ने बताया कि एमएसएमईएस के लिए 50,000 करोड़ रुपए के इक्विटी निवेश का ऐलान किया गया है। इसमें ये कंपनियां बाजार में लिस्ट होकर पैसा जुटा सकती हैं। देश भर में 6 करोड़ से ज्यादा एमएसएमईएस हैं। कोरोना वायरस महामारी के बाद पीएम मोदी ने इस सेक्टर की अहमियत समझते हुए एमएसएमईएस के लिए आवंटन का फैसला किया गया है।
 

50 लाख से ज्यादा दुकानदारों को कर्ज
रेहड़ी लगाने वालों के लिए भी क्रेडिट स्कीम को मंजूरी दी गई है। शहरी आवास मंत्रालय ने विशेष सूक्ष्म ऋण योजना शुरू की है। इसके जरिए छोटे दुकाने चलाने वाले या रेहड़ी पटरी पर दुकान लगाने वाले लोन ले सकते हैं। यह योजना लंबे समय तक चलेगी। इसका फायदा 50 लाख से ज्यादा दुकानदारों को मिलेगा। इसे एक साल के भीतर मासिक किस्त में लौटा सकते हैं। वक्त पर पैसा लौटाने वालों को 7 फीसदी ब्याज सब्सिडी के तौर पर खाते में जमा कर दिया जाएगा। इसमें किसी तरह की पेनाल्टी का प्रावधान नहीं है।